महाराष्ट्र जिला परिषद चुनाव में नाबालिगों ने वोट डाले:दावा- सोलापुर में उम्मीदवार के बेटे ने वोटिंग की; संभाजीनगर में भी विधायक बेटे को लेकर पहुंचा
महाराष्ट्र जिला परिषद चुनाव के दौरान नाबालिग को पोलिंग बूथ के अंदर ले जाने से जुड़े दो मामले सामने आए हैं। पहला केस सोलापुर और दूसरा छत्रपति संभाजीनगर जिले से जुड़ा है।
न्यूज एजेंसी PTI के मुताबिक, सोलापुर जिले के अकलुज स्थित यशवंत नगर मतदान केंद्र पर उम्मीदवार अर्जुन सिंह मोहिते पाटिल अपने 14 साल के बेटे के साथ पोलिंग बूथ के अंदर गए। आरोप है कि नाबालिग ने इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) का बटन दबाया।
इधर, छत्रपति संभाजीनगर जिले में शिवसेना विधायक अपने नाबालिग बेटे को मतदान केंद्र के अंदर ले गए। विधायक ने अपने और बेटे दोनों की उंगली पर स्याही लगवाई।
दरअसल, शनिवार को राज्य के 12 जिलों में जिला परिषद और पंचायत समिति चुनाव हुए। इसमें करीब 67 प्रतिशत वोटिंग प्रतिशत दर्ज किया गया।
उम्मीदवार बोले- बेटा सिर्फ वोटिंग प्रोसेस समझना चाहता था
अर्जुन सिंह मोहिते पाटिल ने कहा कि उनका बेटा केवल मतदान की प्रोसेस समझना चाहता था। उन्होंने कहा कि मेरा बेटा यह जानना चाहता था कि वोटिंग कैसे होती है, इसलिए मैं उसे अंदर ले गया। मतदान अधिकारियों ने आपत्ति जताई थी, लेकिन मैंने अनुरोध किया कि वह मेरे पास खड़ा रह सके। मुझे इसमें कुछ भी गलत नहीं लगता।
छत्रपति संभाजीनगर में विधायक बेटे के साथ बूथ पहुंचे
छत्रपति संभाजीनगर जिले के पाचोड़ मतदान केंद्र पर शिवसेना विधायक अपने नाबालिग बेटे को मतदान केंद्र के अंदर ले गए। प्रत्यक्षदर्शियों और वीडियो के मुताबिक, विधायक ने अपने और बेटे दोनों की उंगली पर स्याही लगवाई और इसके बाद EVM के जरिए मतदान किया।
कलेक्टर ने जांच के निर्देश दिए
छत्रपति संभाजीनगर के जिला कलेक्टर दिलीप स्वामी ने कहा कि पाचोड़ मतदान केंद्र पर हुई घटना की विस्तृत जांच की जाएगी। परिस्थितियों की समीक्षा की जाएगी और यदि मतदान नियमों का उल्लंघन पाया गया तो संबंधित पीठासीन अधिकारी या स्टाफ के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है।
12 जिलों में जिला परिषद और पंचायत समिति चुनाव
महाराष्ट्र में शनिवार को 12 जिलों में जिला परिषद और 125 पंचायत समितियों के लिए मतदान हुआ। मतदान सुबह 7:30 बजे शुरू होकर शाम 5:30 बजे तक चला। दोपहर 3:30 बजे तक 52.02 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया था, जबकि कुल मतदान करीब 67 प्रतिशत रहा।
डिप्टी सीएम सुनेत्रा पवार, एनसीपी (एसपी) नेता जयंत पाटिल और रोहित पवार शुरुआती मतदाताओं में शामिल रहे। सुनेत्रा पवार ने बारामती के काटेवाड़ी गांव में अपने बेटे पार्थ पवार के साथ मतदान किया और लोगों से लोकतांत्रिक प्रक्रिया में भाग लेने की अपील की।
चुनाव की गिनती 9 फरवरी को होगी। इसके बाद राज्य में आदर्श आचार संहिता हटा ली जाएगी। ये चुनाव पहले 5 फरवरी को होने थे, लेकिन डिप्टी सीएम अजित पवार के निधन के बाद राज्य में शोक की घोषणा के चलते इन्हें स्थगित कर दिया गया था।
अब इस चुनाव के बारे में जानिए…
जिला परिषद चुनाव
- 731 जिला परिषद सीटों और 1,462 पंचायत समिति सीटों के लिए मतदान हो रहा है।
- जिला परिषद की 731 सीटों के लिए 2,624 उम्मीदवार मैदान में हैं।
- 369 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित हैं।
- 83 सीटें अनुसूचित जाति, 25 अनुसूचित जनजाति और 191 सीटें अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षित हैं।
पंचायत समिति चुनाव
- 1,462 सीटों के लिए 4,814 उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं।
- 731 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित हैं।
- 166 सीटें अनुसूचित जाति, 38 अनुसूचित जनजाति और 342 सीटें अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षित हैं।
