यूपी में नदियां उफान पर हैं। दिल्ली-लखनऊ हाईवे पर शाहजहांपुर में करीब 2 से 3 फीट पानी भर गया। हाईवे के एक हिस्से को बंद कर दिया गया है। गाड़ियों को डाइवर्ट करके निकाला जा रहा है। शाहजहांपुर के मेडिकल कॉलेज में भी पानी भरने के बाद मरीजों को शिफ्ट कर दिया गया था। यहां खन्नौत के बाद गर्रा नदी खतरे के निशान से 100 सेमी ऊपर बह रही है।
पहाड़ों में हो रही बारिश से नेपाल-यूपी बॉर्डर के कई जिलों में बाढ़ जैसे हालात हैं। पीलीभीत, लखीमपुर खीरी, बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर, महराजगंज के करीब 800 गांव बाढ़ की चपेट में हैं। इन जिलों में करीब 20 लाख से अधिक की आबादी प्रभावित है।
मौसम विभाग ने आज 51 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। 50 किलोमीटर प्रति घंटे की स्पीड से हवा भी चलेगी। गुरुवार की बात करें तो 49 जिलों में सिर्फ 5 मिलीमीटर की बारिश हुई है। जोकि औसत से 52% कम है।
यूपी में 24 घंटे में बिजली गिरने से 5 लोगों की मौत हुई है। सबसे ज्यादा 35.7 मिलीमीटर अंबेडकरनगर में बारिश हुई। बागपत सबसे गर्म जिला रहा। यहां तापमान 39.1 डिग्री दर्ज किया गया। सबसे कम तापमान बरेली में 23.4 डिग्री रिकॉर्ड किया गया।
आगे कैसा रहेगा मौसम: अगले 4 दिनों तक भारी बारिश की चेतावनी है। जुलाई में मानसून ब्रेक जैसी कंडीशन नहीं बन रही, लेकिन अगस्त में मानसून ब्रेक हो सकता है। यानी जुलाई की तुलना में अगस्त में बारिश कम होगी।
