तूफान रेमल का बंगाल-बांग्लादेश तट पर लैंडफॉल शुरू:प्रोसेस 4 घंटे चलेगी; 130 किमी की स्पीड से हवाएं चलेंगी, NDRF की 14 टीमें तैनात
बंगाल की खाड़ी में बना चक्रवात रेमल तूफान में बदल गया है। IMD के वैज्ञानिक सोमनाथ दत्ता के मुताबिक पिछले 6 घंटों में रेमल 13 किमी/घंटा की रफ्तार से बंगाल की खाड़ी में उत्तर की ओर बढ़ रहा है।
बांग्लादेश और उससे सटे पश्चिम बंगाल के तटीय इलाकों में इसके लैंडफॉल (तट से टकराने) की प्रक्रिया शुरू हो गई है। यह अगले 4 घंटों तक जारी रहेगी।
रविवार रात 12 बजे के बाद यह बांग्लादेश और पश्चिम बंगाल में सागर आइलैंड और बांग्लादेश के खेपुपाड़ा के बीच लैंडफॉल करेगा। इस दौरान करीब 135 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलेंगी।
लैंडफॉल के वक्त बंगाल की खाड़ी में 1.5 मीटर ऊंची लहरें उठ सकती हैं। बंगाल और बांग्लादेश के निचले इलाकों में पानी भरने की आशंका है। मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है।
गृह मंत्रालय ने NDRF की 14 टीमें तैनात की हैं और 5 अतिरिक्त टीम को स्टैंडबाय पर रखा है। जहाजों और विमानों के साथ सेना, नौसेना और कॉस्ट गार्ड टीम भी इमरजेंसी के लिए मुस्तैद है।
तूफान के कारण कोलकाता का नेताजी सुभाष चंद्र बोस एयरपोर्ट रविवार दोपहर 12 बजे से सोमवार 9 बजे तक के लिए बंद कर दिया गया है। इसके चलते 394 फ्लाइट्स कैंसिल कर दी गई हैं।
इस सीजन में बंगाल की खाड़ी में बनने वाला यह पहला प्री-मॉनसून चक्रवात है। रेमल तूफान को यह नाम ओमान ने दिया है। रेमल अरबी शब्द है, जिसका मतलब होता है- रेत।
रेमल तूफान का रूट मैप से समझें
