लखनऊ से बेंगलुरु गए शुभांशु शुक्ला:अंतरिक्ष से लौटने के बाद 1 घंटे घर पर रहे, माता-पिता ने माला पहनाई, एस्ट्रोनॉट ने पैर छूकर आशीर्वाद लिया
इंडियन एस्ट्रोनॉट शुभांशु शुक्ला लखनऊ एयरपोर्ट के लिए रवाना हो गए हैं। शाम 4 बजे उनका बेंगलुरु के लिए फ्लाइट है। अंतरिक्ष से लौटने के बाद एस्ट्रोनॉट शुभांशु शुक्ला शुक्रवार सुबह पहली बार लखनऊ में अपने घर पहुंचे थे। पत्नी कामना और 6 साल का बेटा किआंश भी उनके साथ थे। माता-पिता ने माला पहनाकर उनका स्वागत किया। गले लगाया। शुभांशु ने माता-पिता का पैर छूकर आशीर्वाद लिया।
परिवार के सदस्यों ने उन्हें फूल-मालाओं से लाद दिया। बहन पीठ थपथपाते हुए उन्हें घर के अंदर ले गई। शुभांशु की मां आशा देवी ने बेटे की पसंदीदा डिश मूंगदाल का हलवा और कई अन्य पकवान बनाए हैं। उन्होंने कहा- यह पल हमारे लिए बहुत खास है। शुभांशु करीब 1 घंटे घर पर रहे।
शुभांशु 4 दिन पहले यानी 25 अगस्त को लखनऊ पहुंचे थे, लेकिन सुरक्षा कारणों के चलते घर नहीं जा पाए थे। उन्हें राज्य अतिथि (स्टेट गेस्ट) बनाकर नैमिषारण्य गेस्ट हाउस में ठहराया गया है।
शुभांशु के घर को सजाया गया, पड़ोसी बोले- लंबे समय से इंतजार कर रहे थे
शुभांशु के घर को फूलों और रंग-बिरंगी लाइटों से सजाया गया। फूलों से रंगोली बनाई गई। शुभांशु के पड़ोसी आशीष ने कहा, “यही वह पल था, जिसका हम लंबे समय से इंतजार कर रहे थे। वह लखनऊ आए थे, लेकिन घर नहीं पहुंचे थे। आज जब घर आए तो हमारी खुशी का ठिकाना नहीं रहा।
वहीं, पड़ोस की राखी ने कहा- भैया को देखकर बहुत अच्छा लग रहा है। हम लोग उनका काफी दिनों से इंतजार कर रहे थे। जैसे ही आंटी ने खबर दी कि वह घर आ गए हैं, हम लोग तुरंत मिलने पहुंच गए।
1 घंटे बाद गेस्ट हाउस लौट गए शुभांशु
शुभांशु पत्नी और बेटे के साथ करीब 1 घंटे घर पर रहे। इस दौरान कई करीबी और पड़ोसी उनसे मिलने पहुंचे। उन लोगों ने शुभांशु के साथ सेल्फी ली। लोगों ने उनसे अंतरिक्ष के बारे में पूछा। बचपन की भी बातें कीं। घर से वापस गेस्ट हाउस पहुंचने के बाद शुभांशु काफी देर तक बालकनी में टहलते रहे। इस दौरान किसी से मोबाइल पर बातें भी कीं। गेस्ट में उनके सास-ससुर भी मिलने पहुंचे।
शुभांशु शुक्ला ने एयर फोर्स ऑफिसर हरेंद्र सिंह भदोरिया से भी मुलाकात की। हरेंद्र सिंह भदोरिया ने बताया कि हमने कानपुर में अपने प्रोग्राम के लिए शुभांशु को इनवाइट किया है। मैं 40 साल पहले एयरफोर्स से रिटायर हुआ था। हमारा एक संगठन है, जिसमें सभी रिटायर्ड आर्मी और एयरफोर्स से जुड़े हुए जवान शामिल हैं।
8 बैग लेकर गेस्ट हाउस से निकले
शुभांशु शुक्ला की शाम 4 बजे लखनऊ एयरपोर्ट से बेंगलुरु के लिए फ्लाइट है। वह गेस्ट हाउस से एयरपोर्ट के लिए निकल गए हैं। वह अपने साथ 8 बैग लेकर निकले हैं। गेस्ट हाउस में मौजूद कई लोगों ने उनके साथ फोटो खिंचवाई और सेल्फी ली। इस दौरान शुभांशु काफी खुश नजर आए।
अंतरिक्ष में 18 दिन रहकर धरती पर लौटे शुभांशु
शुभांशु शुक्ला Axiom-4 मिशन के तहत 20 दिन तक अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) पर रहने के बाद 15 जुलाई 2025 को धरती पर लौटे थे। इसके बाद 17 अगस्त को भारत पहुंचे थे। 18 अगस्त को पीएम मोदी से उन्होंने मुलाकात की थी। इसके बाद 25 अगस्त को शुभांशु लखनऊ पहुंचे थे।
एयरपोर्ट पर एस्ट्रोनॉट बनकर पहुंचे स्कूली बच्चों ने उनका स्वागत किया था। डिप्टी CM ब्रजेश पाठक ने शुभांशु को एयरपोर्ट पर रिसीव किया था। शुभांशु का स्वागत करने के लिए एयरपोर्ट पर हजारों लोग तिरंगा लेकर पहुंचे थे। इसके बाद वह 20 किमी का रोड शो करते हुए अपने स्कूल सीएमएस पहुंचे थे।
स्कूल में आयोजित वेलकम कार्यक्रम के दौरान स्टेज पर शुभांशु की मां और बहन को बुलाया गया। वहां पहुंचते ही दोनों इमोशनल हो गई थीं। मां आशा शुक्ला शुभांशु को गले लगाकर रो पड़ीं। इस दौरान शुभांशु भी भावुक नजर आए थे। सीएमएस स्कूल के कार्यक्रम के बाद सीएम के आमंत्रण पर शुभांशु पत्नी और बेटे के साथ CM आवास पर पहुंचे।
वहां सीएम योगी ने गेट पर आकर उनका स्वागत किया। यूपी सरकार ने लोक भवन में शुभांशु के सम्मान में कार्यक्रम आयोजित किया। इस दौरान सीएम योगी ने घोषणा की कि यूपी सरकार शुभांशु शुक्ला के नाम से छात्रों को स्कॉलरशिप देगी।
