गुजरात में HMPV वायरस का पहला मामला आने के चलते राज्य सरकार एक्टिव हो गई है। अब राज्य में विदेश से आने वालों के लिए ह्यूमन मेटान्यूमोवायरस (एचएमपीवी) एडवाइजरी की घोषणा की जाएगी। आज (6 जनवरी, 2024) अहमदाबाद के एक निजी अस्पताल में एडमिट 2 महीने के बच्चे का टेस्ट पॉजिटिव आया है। इसके बाद अस्पतालों को आरटीपीसीआर टेस्ट किट खरीदने का भी निर्देश दिए गए हैं।
वहीं, बच्चे के पॉजिटिव होने और राज्य के स्वास्थ्य विभाग को देर से सूचना देने के संबंध में निगम के स्वास्थ्य विभाग ने अस्पताल को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण देने को कहा है। चिकित्सा अधिकारी डॉ. भाविन सोलंकी ने कहा कि अहमदाबाद के ऑरेंज हॉस्पिटल में 2 महीने के इस बच्चे को 24 दिसंबर को भर्ती कराया गया था और 26 दिसंबर को उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। इसके बावजूद 10 दिनों बाद सूचना दी गई।
राज्य के सभी बड़े अस्पतालों में आरटीपीसीआर-आइसोलेशन की तैयारी।
आपके खिलाफ कानूनी कार्रवाई क्यों नहीं?
एचएमपीवी मामले की देर से रिपोर्टिंग के लिए ऑरेंज हॉस्पिटल को जारी नोटिस में एएमसी ने कहा कि अहमदाबाद नगर निगम के स्वास्थ्य विभाग में ऐसी व्यवस्था की गई है कि निगम क्षेत्र के सभी निजी अस्पतालों से समय पर जानकारी मिल सके। फिलहाल चीन में ह्यूमन मेटान्यूमोवायरस (एचएमपीवी) के मामले सामने आए हैं। साथ ही मामलों में भी काफी बढ़ोतरी हुई है।
आपके अस्पताल में भर्ती बच्चे का रेस्पिरेटरी वायरस इंफेक्शन पैनल टेस्ट किया गया था, जिसकी रिपोर्ट 26 दिसंबर आ गई थी। इस मामले की जानकारी तत्काल नगर निगम के स्वास्थ्य विभाग को दी जानी चाहिए थी। लेकिन आपके द्वारा आज 6 जनवरी 2025 तक भी इस मामले की जानकारी उपलब्ध कराई जा रही है। इस मामले की जानकारी नहीं देने पर आपके खिलाफ कानूनी कार्रवाई क्यों नहीं की जाए? इसे शीघ्र स्पष्ट करें।
HMPV वायरस चीन में तेजी से फैल रहा है। (प्रतीकात्मक फोटो)
15 दिनों से अस्पताल में भर्ती है बच्चा
चांदखेड़ा के ऑरेंज हॉस्पिटल के डॉ. नीरव पटेल ने दिव्यभास्कर से बातचीत में कहा कि मोडासा के पास एक गांव में रहने वाले दो महीने के बच्चे की तबीयत खराब होने पर 15 दिन पहले उसे हॉस्पिटल में एडमिट करवाया गया था। बच्चे को सर्दी और तेज बुखार था। शुरुआत में उसे पांच दिनों तक वेंटिलेटर पर भी रखा गया था। इसके बाद हुई कई जांचों में बच्चे के एचएमपीवी वायरस से पॉजीटिव होना पाया गया। बच्चे का स्वास्थ्य अब स्थिर है, घबराने की जरूरत नहीं है।
हालांकि, इस बारे में गुजरात सरकार के स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि हमने अपनी लैब में इसका परीक्षण नहीं किया है। एक निजी अस्पताल में इस मामले की रिपोर्ट सामने आई है।
गुजरात के स्वास्थ्य मंत्री ऋषिकेश पटेल।
यह वायरस 2001 से है: ऋषिकेश पटेल
एचएमपीवी वायरस को लेकर गुजरात के स्वास्थ्य मंत्री ऋषिकेश पटेल ने कहा कि यह वायरस साल 2001 का पुराना वायरस है। चीन में इसका प्रसार अधिक है। इसलिए वहां अचानक ज्यादा मामले सामने आ रहे हैं। इसके लक्षण कोविड की तुलना में हल्के हैं। हम अस्पताल में ही इस वायरस की जांच की व्यवस्था कर रहे हैं।
3
HMPV वायरस पर विशेष दिशा-निर्देश जारी
गुजरात सरकार के स्वास्थ्य विभाग ने HMPV वायरस पर विशेष दिशा-निर्देश जारी किए हैं। स्वास्थ्य विभाग के विशेषज्ञों का कहना है कि एचएमपीवी एक अन्य श्वसन वायरस है और वर्तमान में गुजरात में इसका एक मामला सामने आया है, बच्चों और बुजुर्गों को सबसे ज्यादा सावधान रहने की जरूरत है। इस वायरस में सामान्य सर्दी और फ्लू जैसे लक्षण दिखाई देते हैं और यदि आवश्यक न हो तो आंख-नाक-कान न छुएं। साथ ही सर्दी-खांसी होने पर सार्वजनिक स्थानों पर जाने से बचें और पर्याप्त नींद लें। अधिक पानी पीने और पौष्टिक भोजन खाने और संक्रमित व्यक्ति के सामान के संपर्क से बचने की भी सलाह दी जाती है।
HMPV वायरस चीन में तेजी से फैल रहा है। (प्रतीकात्मक फोटो)
अहमदाबाद सिविल में बनेगा आइसोलेशन वार्ड: अधीक्षक
अहमदाबाद सिविल अस्पताल के अधीक्षक डॉ. राकेश जोशी ने कहा है कि आज गुजरात में एक केस सामने आया है। इस वायरस के बच्चों, वरिष्ठ नागरिकों और कम प्रतिरक्षा वाले लोगों को प्रभावित करने की संभावना है। ये वायरस सालों पुराना है। इससे डरने की जरूरत नहीं है, लेकिन सतर्कता और ध्यान देने की जरूरत जरूर है। सिविल में एचएमपीवी वायरस के मरीजों के लिए आइसोलेशन वार्ड तैयार किया जाएगा। शिशु रोग विभाग को इस संबंध में तैयारी करने का निर्देश दिया गया है।
पांच से सात दिन में ठीक हो जाएंगे: डॉ.राकेश जोशी
इस वायरस से संक्रमण होने पर मरीज को सर्दी, खांसी, बुखार समेत अन्य लक्षण दिखेंगे। जो पहले भी देखा गया था कि एक बार वायरस का पता चलने के बाद इसकी कोई वैक्सीन या दवा नहीं है। लेकिन सर्दी-खांसी के लक्षणों का पता चलते ही तुरंत इलाज होने से मरीज पांच से सात दिन में ठीक हो जाएगा।
