हरियाणा में कांग्रेस-BJP में बगावत:देश की सबसे अमीर महिला ने निर्दलीय नामांकन भरा; पूर्व MLA रेवड़ी ने कांग्रेस से बागी होकर नॉमिनेशन किया
हरियाणा में कांग्रेस-भाजपा में टिकट बंटवारे के बाद नामांकन के आखिरी दिन भी बगावत नहीं थमी। देश की सबसे अमीर महिला सावित्री जिंदल ने निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर नामांकन भरा है। भाजपा ने उन्हें हिसार से टिकट नहीं दी। वह कुरुक्षेत्र से भाजपा सांसद नवीन जिंदल की मां हैं।
कल उनकी कांग्रेस से भी टिकट की चर्चा थी लेकिन बेटे के भाजपा सांसद होने की वजह से बातचीत सिरे नहीं चढ़ी। नामांकन भरने के बाद सावित्री जिंदल ने कहा कि ये उनका आखिरी चुनाव है।
वहीं पानीपत शहरी सीट पर पूर्व विधायक रोहिता रेवड़ी ने निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर नामांकन दाखिल किया है। वह कांग्रेस से टिकट मांग रही थी, लेकिन पार्टी ने यहां वरिंदर कुमार शाह को उम्मीदवार बनाया। रेवड़ी हाल ही में भाजपा छोड़कर कांग्रेस में शामिल हुई थीं।
उधर, महेंद्रगढ़ सीट से टिकट कटने पर भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रामबिलास शर्मा समर्थकों के सामने रो पड़े। यहां शर्मा ने भाजपा जिंदाबाद का नारा लगाया तो समर्थक भड़क उठे।
इन नेताओं ने निर्दलीय नामांकन भरे…
खट्टर के पूर्व मीडिया एडवाइजर ने निर्दलीय नामांकन भरा
सोनीपत में पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के पूर्व मीडिया सलाहकार राजीव जैन निर्दलीय चुनाव लड़ेंगे। गुरुवार को उन्होंने पत्नी कविता जैन के साथ नामांकन दाखिल किया। वह इस सीट से पत्नी कविता जैन का टिकट कटने पर बागी हुए हैं।
राजीव जैन ने कहा, ‘भाजपा ने सोनीपत से एक कांग्रेसी नेचर के व्यक्ति को टिकट दी है। नेता-कार्यकर्ता इसके विरोध में हैं। भाजपा आलाकमान को भी इससे अवगत कराया गया था। उम्मीद थी कार्यकर्ताओं के हक में फैसला होगा, पार्टी ने इसके लिए समय भी मांगा था, लेकिन फैसला उनके पक्ष में नहीं आया। अभी पार्टी से इस्तीफा नहीं दिया है।’
पुंडरी में पूर्व विधायक ने भाजपा छोड़ी
कैथल जिले के अंतर्गत आने वाली पुंडरी विधानसभा सीट से पूर्व विधायक दिनेश कौशिक ने टिकट कटने के बाद गुरुवार को भाजपा को अलविदा कह दिया। उनके अलावा भाजपा नेता तेजवीर सिंह ने भी पार्टी छोड़ दी। वह पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा की अगुआई में कांग्रेस पार्टी में शामिल हो गए।
चित्रा सरवारा ने अंबाला कैंट से निर्दलीय नामांकन भरा
अंबाला कैंट से कांग्रेस का टिकट मांग रहीं चित्रा सरवारा ने निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर नामांकन दाखिल किया है। कांग्रेस ने इस सीट पर परविंदर परी को उम्मीदवार बनाया है। चित्रा के पिता निर्मल सिंह को कांग्रेस ने सिटी सीट टिकट दिया है।
बरवाला में कांग्रेस से बागी हुई संजना
हिसार जिले की बरवाला विधानसभा सीट पर कांग्रेस का टिकट न मिलने पर संजना सातरोड ने बागी होकर निर्दलीय नामांकन दाखिल किया है। कांग्रेस पार्टी ने यहां पूर्व विधायक रामनिवास घोड़ेला को उम्मीदवार बनाया है।
पानीपत में युवा भाजपा नेता ने निर्दलीय नामांकन भरा
पानीपत शहरी सीट पर युवा भाजपा नेता हिमांशु गर्ग ने पार्टी से बागी होकर निर्दलीय नामांकन भरा है। यहां से भाजपा ने मौजूदा विधायक प्रमोद विज को दोबारा टिकट दिया है।
कोसली में मनोज कोसलिया ने निर्दलीय नामांकन भरा
रेवाड़ी जिले की कोसली सीट पर कांग्रेस नेता मनोज कोसलिया ने बागी होकर निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर नामांकन दाखिल किया है। वह यहां पूर्व मंत्री जगदीश यादव को टिकट देने से नाराज हैं। इसके अलावा इसी सीट पर केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह के भाई यादवेंद्र सिंह ने भी कांग्रेस को तेवर दिखाए हैं।
बाढड़ा में घसौला ने निर्दलीय नामांकन भरा
चरखी दादरी जिले की बाढड़ा विधानसभा सीट पर कांग्रेस का टिकट न मिलने पर सोमबीर घसौला बागी हो गए हैं। उन्होंने निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर नामांकन दाखिल किया। कांग्रेस ने इस सीट पर चौधरी बंसीलाल के दामाद सोमबीर सिंह श्योराण को उम्मीदवार बनाया है।
फरीदाबाद में कांग्रेस प्रत्याशी के भाई से धक्कामुक्की
फरीदाबाद में नामांकन भरने पहुंची कांग्रेस उम्मीदवार पराग शर्मा के भाई वैभव से पूर्व CPS शारदा राठौर के समर्थकों ने धक्कामुक्की। कांग्रेस से बागी शारदा राठौर अपने समर्थकों के साथ निर्दलीय नामांकन उम्मीदवार के तौर पर नामांकन भरने के लिए पहुंची थीं। यहीं दोनों के बीच विवाद हो गया।
पहली लिस्ट पर भी हो चुका घमासान कांग्रेस में टिकट वितरण के बाद बगावत और भगदड़ शुरू हो गई थी। पहली दो लिस्टों के बाद 5 सीटों पर टिकटों के 9 दावेदार विरोध में उतरे। विरोध के कारण कांग्रेस के 3 नेता पार्टी से इस्तीफा भी दे चुके हैं। इनमें बरोदा से कपूर नरवाल, बहादुरगढ़ से राजेश जून और साढौरा से बृजपाल छप्पर शामिल हैं।
इसके अलावा, बरोदा से जीता हुड्डा, गोहाना से हर्ष छिकारा, बरवाला से रामनिवास घोड़ेला के टिकट का विरोध जारी है। वहीं, गुरुग्राम में पूर्व विधायक उमेश अग्रवाल की पत्नी अनीता अग्रवाल कांग्रेस छोड़कर फिर से BJP में शामिल हो गई हैं।
बाबरिया की बिगड़ चुकी तबीयत
हरियाणा में टिकट बंटवारे को लेकर प्रदेश प्रभारी दीपक बाबरिया की तबीयत खराब हो चुकी है। उनका ब्लड प्रेशर (BP) बढ़ने के बाद उन्हें दिल्ली एम्स में भर्ती कराया गया है। अभी वह डॉक्टरों की देखरेख में हैं। उनका हालचाल लेने सांसद दीपेंद्र हुड्डा पहुंचे थे। उन्होंने ही जानकारी सोशल मीडिया पर दी थी।
बाबरिया के कुछ वीडियो वायरल हुए थे, जिसमें वह कांग्रेस के टिकट दावेदारों के आगे निराशा जाहिर कर रहे थे। टिकट बंटवारे में बाबरिया की सबसे बड़ी भूमिका थी। इसके अलावा राहुल गांधी ने प्रदेश में आम आदमी पार्टी और कांग्रेस के बीच गठबंधन की जिम्मेदारी भी बाबरिया को सौंपी थी।
