बनासकांठा में पुलिस-फॉरेस्ट टीम पर हमला, 47 लोग घायल:दावा- पौधे लगाने गई थी टीम, 500 की भीड़ ने पत्थर, गुलेल और तीर चलाए; गाड़ियां जलाईं
अंबाजी तीर्थ शहर से 14 किमी दूर दांता तालुका के पाडलिया गांव में शनिवार दोपहर 500 लोगों ने वन विभाग और पुलिस टीम पर हमला कर दिया। इन लोगों ने पत्थरबाजी की। गुलेल चलाए और तीरों से भी पुलिस कर्मियों को निशाना बनाया। भीड़ ने पुलिस और वन विभाग के सरकारी वाहनों में भी आग लगा दी।
टीम गांव में पौधारोपण करने पहुंची थी। इसी दौरान गांव वालों ने टीम हमला कर दिया। हमले के दौरान वन विभाग के वाहनों में आग लगा दी गई और सरकारी वाहनों के टायर काट दिए गए। स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए पुलिस ने 50 से ज्यादा गोलियां चलाईं और लगभग 20 आंसू गैस के गोले दागे।
हमले की वजह भूमि विवाद भी
पाडलिया गांव में वन विभाग के सर्वे नंबर 9 क्षेत्र को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा है। गांववालों को आशंका है कि उन्हें जमीन से बेदखल कर दिया जाएगा। इसी को हमले की मुख्य वजह माना जा रहा है।
हादसे में घायल टीम की तस्वीरें…
अंबाजी के पीआई की हालत गंभीर इस घटना में पुलिस, वन और राजस्व विभागों के 47 अधिकारी घायल हुए हैं। घायलों में से 36 अधिकारियों को अंबाजी सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जबकि 11 को पालनपुर सिविल अस्पताल रेफर किया गया। अंबाजी पुलिस इंस्पेक्टर (पीआई) आर.बी. गोहिल की हालत गंभीर होने पर उन्हें पालनपुर रेफर किया गया है।
इधर, बनासकांठा कलेक्टर मिहिर पटेल ने कहा है कि घटना दोपहर करीब 2.30 बजे हुई, जब पुलिस, वन और राजस्व अधिकारियों की एक संयुक्त टीम वन विभाग के सर्वे नंबर 9 इलाके में नर्सरी और पौधारोपण कर रही थी।
गांव में भारी पुलिस बल तैनात घटना की सूचना मिलते ही बनासकांठा के उप वन संरक्षक (डीसीएफ) तुरंत अंबाजी सिविल अस्पताल पहुंचे और घायलों का हालचाल पूछा। फिलहाल पाडलिया गांव में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात है। पुलिस ने हमलावरों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है।
