पहलगाम हमले पर TMC के सरकार से 5 सवाल:हमले का जिम्मेदार कौन, आतंकी मारे गए या नहीं, IB चीफ का कार्यकाल क्यों बढ़ाया
तृणमूल कांग्रेस (TMC) सांसद अभिषेक बनर्जी ने पहलगाम आतंकी हमले पर मोदी सरकार से 5 सवाल पूछे हैं। उन्होंने कहा- हमले को 55 दिन से ज्यादा हो गए हैं, लेकिन सरकार ने बॉर्डर सेफ्टी, इंटेलिजेंस , विदेश नीति, मीडिया और ज्यूडिशियरी के सवालों पर जवाब नहीं दिया।
बनर्जी ने ‘X’ पर कहा- विपक्ष, मीडिया और ज्यूडिशियरी ने भी इन सवालों को नहीं उठाया। यह लोकतंत्र के लिए चिंताजनक है। एक जिम्मेदार नागरिक और जनप्रतिनिधि होने के नाते, मैं भारत सरकार के सामने 5 सवाल रखता हूं।
उन्होंने पूछा- पहलगाम हमला नेशनल सिक्योरिटी के लिए बड़ी चूक था, इसकी जिम्मेदारी कौन लेगा। अगर इंटेलिजेंस फेलियर हुआ तो इंटेलिजेंस ब्यूरो के चीफ को एक साल का विस्तार क्यों दिया गया। सरकार पेगासस जैसे जासूसी टूल का इस्तेमाल आतंकियों के खिलाफ क्यों नहीं कर रही है।
साथ ही उन्होंने कहा- सरकार को स्पष्ट करना चाहिए कि पहलगाम के हमलावर जिंदा है या मारे गए। अगर भारत विश्व गुरु और चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है तो पाकिस्तान को IMF और वर्ल्ड बैंक से कैसे पैसा मिला।
अभिषेक बनर्जी के 5 सवाल
- आतंकवादी सीमा में कैसे घुसे: हथियारों से लैस 4 आतंकवादी भारतीय सीमा में कैसे घुसे और 26 नागरिकों की जान कैसे चली गई? यह नेशनल सिक्योरिटी के लिए बड़ी चूक थी। इस विफलता की जिम्मेदारी कौन लेगा?
- IB चीफ का कार्यकाल क्यों बढ़ाया: अगर हमला इंटेलिजेंस फेल्योर था तो इंटेलिजेंस ब्यूरो के चीफ को एक साल का विस्तार हुआ। हमले के एक महीने बाद ही उन्हें इनाम क्यों दिया गया? उन्हें जवाबदेह क्यों नहीं ठहराया गया?
- सरकार पेगासस की मदद से आतंकियों की पहचान क्यों नहीं करती: अगर सरकार विपक्षी नेताओं, पत्रकारों और जजों पर जासूसी टूल पेगासस चला सकती है, तो आतंकियों पर इसका इस्तेमाल क्यों नहीं हो रहा है?
- आतंकी जिंदा हैं या मारे गए: पहलगाम हमले में शामिल 4 आतंकियों का क्या हुआ? वे मारे गए या अभी जिंदा हैं? अगर मारे गए हैं, तो सरकार ने स्पष्ट बयान क्यों नहीं दिया? और अगर नहीं मारे गए, तो चुप्पी क्यों?
- पाकिस्तान को दुनिया की एजेंसियों से पैसा कैसे मिला:अगर भारत वास्तव में विश्व गुरु और दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है, तो IMF ने 1 अरब डॉलर और वर्ल्ड बैंक ने पाकिस्तान को 40 अरब डॉलर का निवेश क्यों दिया? पाकिस्तान को UN की काउंटर-टेररिज्म कमेटी का उपाध्यक्ष कैसे बना दिया गया?
बनर्जी बोले- विदेश नीति पर खर्च 2 लाख करोड़, जवाब नहीं
TMC नेता ने लिखा कि पिछले 10 साल में विदेश मामलों पर 2 लाख करोड़ रुपए खर्च हुए हैं। देश की जनता पारदर्शिता, जवाबदेही और नतीजे चाहती है, न कि चुप्पी और बहाने।
उन्होंने कहा- पहलगाम के बाद भारत ने 33 देशों से संपर्क किया, लेकिन कितनों ने खुलकर समर्थन दिया। साथ ही अगर अमेरिका के राष्ट्रपति ने भारत को युद्धविराम और व्यापार वादों के बदले मना लिया था, तो भारत सरकार ने इसका जवाब क्यों नहीं दिया।
पहलगाम में टूरिस्ट वापस लौट रहे
आतंकी हमले के 2 महीने बाद पहलगाम में पर्यटन धीरे-धीरे सामान्य होने लगा है। ईद के बाद से लोग एक बार फिर से टूरिस्ट यहां पहुंच रहे हैं।
पर्यटकों ने लेफ्टिनेंट गवर्नर मनोज सिन्हा के पहलगाम के पार्कों को खोलने के फैसले की सराहना की। एक टूरिस्ट ने कहा- लोग तभी आएंगे जब उनके बैठने के लिए जगह होगी। पार्क खोलने से पर्यटकों की संख्या जरूर बढ़ेगी।
