Headlines

बेंगलुरु में रैपिडो ड्राइवर ने महिला को थप्पड़ मारा, VIDEO:लापरवाही से गाड़ी चलाने पर बहस हुई थी; कर्नाटक में आज से बाइक टैक्सी बैन

बेंगलुरु में रैपिडो ड्राइवर ने महिला को थप्पड़ मारा, VIDEO:लापरवाही से गाड़ी चलाने पर बहस हुई थी; कर्नाटक में आज से बाइक टैक्सी बैन

बेंगलुरु2 घंटे पहले
यह घटना तीन दिन पुरानी यानी शुक्रवार की है और इसका वीडियो आज वायरल हो रहा है।

बेंगलुरु के जयनगर इलाके में एक रैपिडो बाइक टैक्सी ड्राइवर द्वारा महिला से मारपीट का मामला सामने आया है। यह घटना तीन दिन पुरानी यानी शुक्रवार की है। हालांकि इसका वीडियो आज वायरल हुआ है, जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी है।

पुलिस के अनुसार महिला ने तेज रफ्तार और लापरवाही से गाड़ी चलाने पर ड्राइवर से शिकायत की थी। इसी बात को लेकर दोनों के बीच बहस हुई, जो बाद में झगड़े में बदल गई। वीडियो में दिख रहा है कि ड्राइवर ने महिला को थप्पड़ मारा, जिससे वह जमीन पर गिर गई।

घटना का वीडियो किसी राहगीर ने रिकॉर्ड किया, जिसमें आसपास खड़े कई लोग भी नजर आ रहे हैं। पहले तो महिला शिकायत करने में हिचकिचा रही थी, लेकिन बाद में पुलिस के समझाने पर थाने में शिकायत दर्ज करवाई।

उधर, कर्नाटक में आज से बाइक टैक्सी पर बैन लगाया गया है। इसे लेकर बाइक टैक्सी एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी को चिट्ठी लिखी है और बैन हटाने की मांग की है।

वायरल वीडियो में महिला और रैपिडो ड्राइवर के बीच विवाद होता दिख रहा है।

पुलिस FIR दर्ज करने पर विचार कर रही

फिलहाल मामले में एनसीआर (नॉन कॉग्निजेबल रिपोर्ट) दर्ज की गई है, लेकिन पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो को देखते हुए अब एफआईआर दर्ज करने पर विचार किया जा रहा है। जयनगर थाना पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है।

एसोसिएशन ने बाइक टैक्सी पर प्रतिबंध हटाने की मांग की

कर्नाटक सरकार के आज (16 जून) से बाइक टैक्सी पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के फैसले के खिलाफ नम्मा बाइक टैक्सी एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी को चिट्ठी लिखी है। उन्होंने सरकार से तुरंत हस्तक्षेप की मांग की है।

यह कदम 13 जून को कर्नाटक हाईकोर्ट द्वारा सरकार के उस आदेश को वैध ठहराने के बाद आया है जिसमें रैपिडो, ओला और उबर मोटो जैसी बाइक टैक्सी सेवाओं को गैरकानूनी करार दिया गया था। मामले की अगली सुनवाई 24 जून को होगी।

राइडर्स ने लेटर में बताया कि बेंगलुरु में लोग सालाना 8 करोड़ बाइक टैक्सी राइड करते हैं और यह उन इलाकों में सबसे सस्ता और तेज विकल्प है जहां बसें नहीं पहुंचतीं।

दिल्ली, राजस्थान और तेलंगाना की तरह नियम बनाने की अपील

बाइक राइडर्स ने सरकार से बैन की बजाय दिल्ली, राजस्थान और तेलंगाना की तरह नियम बनाने की अपील की है, जिसमें लाइसेंस, बीमा, ट्रेनिंग और सुरक्षा जैसे बिंदु शामिल हों।

उन्होंने यात्रियों के लिए भी चिंता जताई, जिन्हें अब आने-जाने में दिक्कत होगी। उन्होंने सरकार से ड्राइवर समुदाय से संवाद कर समावेशी और संतुलित नीति बनाने की मांग की है, जो यात्री सुरक्षा और रोजगार दोनों की रक्षा करे।

कर्नाटक सरकार ने 2 अप्रैल को बैन लगाने का फैसला किया था

कर्नाटक सरकार ने 2 अप्रैल को बाइक टैक्सी सेवाओं पर रोक लगाने का फैसला किया था। यह कदम कर्नाटक हाईकोर्ट के उस आदेश के बाद उठाया गया जिसमें कहा गया था कि निजी नंबर प्लेट वाली दोपहिया गाड़ियां वाणिज्यिक सेवा के लिए इस्तेमाल नहीं की जा सकतीं, क्योंकि इसके लिए कोई स्पष्ट नियम नहीं है।

अदालत ने यह भी कहा कि जब तक मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 3 के तहत राज्य सरकार बाइक टैक्सी के लिए लाइसेंस, बीमा और सुरक्षा से जुड़े नियम तय नहीं करती, तब तक इनका संचालन अवैध माना जाएगा। साथ ही, अदालत ने छह हफ्ते में सभी सेवाएं बंद करने और तीन महीनों में नियम बनाने के निर्देश दिए थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Budget 2024